Class 11 Sanskrit

Chapter 8 — Kanthamaanikyam

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Overview

Summary

Chapter 8 of the Class 11 Sanskrit NCERT textbook (Shashwati), 'Kanthamaanikyam' (कन्थामाणिक्यम्), यह आधुनिककाल के प्रतिष्ठित संस्कृत साहित्यकार अभिराज राजेन्द्रमिश्र के एकांकी-संग्रह 'रूपरुद्रीयम्' से संकलित एक संस्कृत गद्य-नाटिका है, जो वर्ग-भेद को नकारते हुए सच्ची मित्रता और मानवीय गुण की श्रेष्ठता का संदेश देती है।

  • वर्ग-भेद की जकड़हाईकोर्ट के प्रख्यात वकील भवानीदत्त गरीबों की बस्ती से घृणा करते हैं और अपने पुत्र सिन्धु को वहाँ रहने वाले मित्र सोमधर से मिलने से रोकते हैं — नाटिका का आरम्भ इसी सामाजिक पूर्वाग्रह और वर्ग-अहंकार के चित्रण से होता है।
  • निःस्वार्थ मित्रता की परीक्षास्कूल वाहन के ट्रक से दुर्घटनाग्रस्त होने पर सब्जी-विक्रेता का मेधावी पुत्र सोमधर बेहोश सिन्धु को रिक्शे पर सुरक्षित घर पहुँचाता है। यह घटना 'आपत्सु मित्रं जानीयात्' के आदर्श को साकार कर कथानक का मोड़ बनती है।
  • गुण की श्रेष्ठता का संदेशसोमधर के निःस्वार्थ व्यवहार से भवानीदत्त की वर्गभेदी विचारधारा पूरी तरह बदल जाती है और वे उसकी शिक्षा का भार उठाने का संकल्प लेते हैं — 'गुणवन्त एव सम्माननीयाः', यही 'गुदड़ी का लाल' शीर्षक का मर्म है।
Essentials

Key points & formulas

  1. 01यह पाठ आधुनिककाल के प्रतिष्ठित संस्कृत साहित्यकार अभिराज राजेन्द्रमिश्र के एकांकी-संग्रह 'रूपरुद्रीयम्' से संकलित एक संस्कृत गद्य-एकांकी (नाटिका) है; इसमें दो दृश्य हैं।
  2. 02'कन्थामाणिक्यम्' का अर्थ है—जीर्णवस्त्रेषु रत्नम् अर्थात् गुदड़ी का लाल; यह शीर्षक सोमधर के छिपे हुए गुण का प्रतीक है।
  3. 03मुख्य पात्र: भवानीदत्त (उच्चन्यायालय के वकील, वर्गभेद से ग्रस्त), रत्ना (उनकी विवेकशील पत्नी), सिन्धु (पुत्र) और सोमधर (सब्जी-फल विक्रेता का पुत्र, मेधावी एवं निःस्वार्थ मित्र)।
  4. 04केंद्रीय शिक्षा: भवानीदत्त स्वयं अंत में कहते हैं—'गुणवन्त एव सभ्याः धनिकाः सम्माननीयाश्च'—गुणवान व्यक्ति ही सभ्य, धनी और सम्माननीय है।
  5. 05सूक्ति (पाठ के योग्यताविस्तारः से, verbatim): 'आपत्सु मित्रं जानीयात्।' — विपत्ति में ही सच्चे मित्र की पहचान होती है।
  6. 06श्लोक (योग्यताविस्तारः से, verbatim): 'उत्सवे व्यसने चैव दुर्भिक्षे राष्ट्रविप्लवे। राजद्वारे श्मशाने च यस्तिष्ठति स बान्धवः॥' — जो उत्सव, संकट, अकाल, राजद्वार और श्मशान में साथ रहे, वही सच्चा बंधु है।
  7. 07कठिन शब्दार्थ (पाठ से): रसवत्याम् = रसोईघर में; कन्थामाणिक्यम् = जीर्णवस्त्रेषु रत्नम् (गुदड़ी का लाल); विपर्यस्तम् = व्युत्क्रान्तम् (उलट गया); भिषजम् = वैद्यम् (वैद्य को)।
Questions

Frequently asked questions

01

कन्थामाणिक्यम् पाठ के लेखक कौन हैं?

यह पाठ आधुनिककाल के प्रतिष्ठित संस्कृत साहित्यकार अभिराज राजेन्द्रमिश्र द्वारा रचित है।

02

Kanthamaanikyam kis granth se liya gaya hai?

यह एकांकी अभिराज राजेन्द्रमिश्र के एकांकी-संग्रह 'रूपरुद्रीयम्' से संकलित है।

03

'कन्थामाणिक्यम्' शब्द का अर्थ क्या है?

कन्थामाणिक्यम् का अर्थ है—जीर्णवस्त्रेषु रत्नम् अर्थात् गुदड़ी का लाल। यह सोमधर के छिपे हुए मूल्यवान गुणों का प्रतीक है।

04

Kanthamaanikyam mein kaun se mukhy patra hain?

मुख्य पात्र हैं: भवानीदत्त (उच्चन्यायालय के वकील), उनकी पत्नी रत्ना, पुत्र सिन्धु और सोमधर (सब्जी-फल विक्रेता का बेटा, सिन्धु का मित्र)।

05

सोमधर के पिता क्या करते थे?

सोमधर के पिता चार पहिए के शकट (गाड़ी) पर सब्जियाँ और फल बेचते थे।

06

भवानीदत्त की सोच कैसे बदली?

दुर्घटना में बेहोश हुए सिन्धु को सोमधर ने पहचानकर रिक्शे पर बैठाया और घर तक सुरक्षित पहुँचाया। इस निःस्वार्थ कार्य को देख भवानीदत्त की आँखें खुल गईं और उन्होंने सोमधर को 'कन्थामाणिक्यम्' कहा।

07

Kanthamaanikyam mein kitne drashya hain?

इस एकांकी में दो दृश्य हैं—प्रथम दृश्य और द्वितीय दृश्य।

08

सोमधर कक्षा में किस पद पर था?

सोमधर को अध्यापिका ने कक्षा का मान्यतर (मॉनिटर) बनाया था, जो उसकी मेधाविता का प्रमाण था।

09

रत्ना का चरित्र कैसा चित्रित किया गया है?

रत्ना विवेकशील और न्यायप्रिय पात्र हैं। वे पति की संकीर्ण सोच का विरोध करते हुए कहती हैं कि जो गुणवान है वही सभ्य और धनिक है, चाहे उसके पिता शाक-फल ही क्यों न बेचते हों।

10

भवानीदत्त ने अंत में सोमधर के लिए क्या निर्णय किया?

भवानीदत्त ने सोमधर की शिक्षा का सारा भार अपने ऊपर लेने का निर्णय किया और दोनों बच्चों के लिए साइकिल भी खरीदने का वचन दिया।

11

इस एकांकी की केंद्रीय शिक्षा (नैतिक संदेश) क्या है?

वर्ग, धन या जाति नहीं बल्कि गुण ही व्यक्ति को सम्माननीय बनाता है। भवानीदत्त स्वयं कहते हैं—'गुणवन्त एव सभ्याः धनिकाः सम्माननीयाश्च।'

12

क्या इस पाठ का PDF मुफ़्त डाउनलोड कर सकते हैं?

हाँ, यह मुफ़्त है, बिना साइन-अप।

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