Summary
पाठ 3 — "कितने पैर?" कक्षा 3 की एनसीईआरटी हिंदी पाठ्यपुस्तक वीणा का एक रोचक संवाद-पाठ है जिसमें अध्यापिका और बच्चे मिलकर यह जानते हैं कि अलग-अलग जीवों के कितने पैर होते हैं — केंचुए से लेकर कनखजूरे तक, जिसके तीस से लेकर तीन सौ बयासी तक पैर हो सकते हैं।
- पाठ का सारांश — अध्यापिका कक्षा में बच्चों से पूछती हैं कि विभिन्न जीवों के कितने पैर होते हैं। बच्चे बारी-बारी से केंचुआ, चिड़िया, कंगारू, चींटी, मकड़ी और कनखजूरे के बारे में बताते हैं।
- लेखक — यह पाठ मञ्जुल भार्गव ने लिखा है। अंत में 'दोस्त के जूते' नामक छोटी कहानी चंदन यादव की है।
- पैरों की संख्या से सीख — इस पाठ से बच्चे सीखते हैं कि जीवों के पैरों की संख्या शून्य से लेकर कई सौ तक हो सकती है और देखकर व गिनकर जानना सबसे अच्छा तरीका है।
- शब्द-ज्ञान — पाठ में द्विपाद (दो पैर वाले), चतुष्पाद (चार पैर वाले) और पंचपाद (पाँच पैर की तरह उपयोग करने वाले — कंगारू) जैसे शब्द सीखने को मिलते हैं।
Key points & formulas
- 01केंचुए के पैर नहीं होते — वे पेट के बल सरकते हैं।
- 02दो पैर वाले जीवों को द्विपाद कहते हैं — जैसे मनुष्य और चिड़ियाँ।
- 03कंगारू ऑस्ट्रेलिया में पाया जाने वाला दो पैरों पर कूदने वाला पशु है; उसके पेट पर बच्चे के लिए थैली होती है।
- 04चार पैर वाले जीवों को चतुष्पाद कहते हैं — जैसे गाय, भैंस, कुत्ता, शेर।
- 05चींटी, मक्खी, भँवरा और तितली जैसे कीटों के छह पैर होते हैं।
- 06मकड़ी के आठ पैर होते हैं।
- 07कनखजूरे के तीस से लेकर तीन सौ बयासी तक पैर हो सकते हैं — यह नम और अँधेरी जगहों में रहता है।
Frequently asked questions
01"कितने पैर?" पाठ किस पुस्तक में है?
यह पाठ कक्षा 3 की एनसीईआरटी हिंदी पाठ्यपुस्तक वीणा का पाठ 3 है।
02इस पाठ के लेखक कौन हैं?
इस पाठ के लेखक मञ्जुल भार्गव हैं। अंत में संलग्न छोटी कहानी 'दोस्त के जूते' चंदन यादव ने लिखी है।
03किस जीव के पैर बिल्कुल नहीं होते?
केंचुए के पैर नहीं होते। वे पेट के बल सरकते हैं।
04द्विपाद किसे कहते हैं?
दो पैर वाले जीवों को द्विपाद कहते हैं। मनुष्य और चिड़ियाँ द्विपाद हैं।
05कंगारू के बारे में इस पाठ में क्या बताया गया है?
कंगारू ऑस्ट्रेलिया में पाया जाता है। वह दो पैरों पर कूद-कूदकर चलता है। उसके पेट पर एक थैली होती है जिसमें वह अपने बच्चे को साथ ले जाता है।
06कंगारू को पंचपाद क्यों कहा गया है?
जब कंगारू धीरे-धीरे चलता है तो वह अपनी पूँछ का भी सहारा लेता है, जिससे वह पाँच चीज़ों (दो हाथ, दो पैर, पूँछ) पर चलता है। इसीलिए उसे पंचपाद भी कहते हैं।
07चींटी के कितने पैर होते हैं?
चींटी के छह पैर होते हैं। इसी तरह मक्खी, भँवरा, तितली और झींगुर जैसे कीटों के भी छह पैर होते हैं।
08मकड़ी के कितने पैर होते हैं?
मकड़ी के आठ पैर होते हैं।
09कनखजूरे के कितने पैर होते हैं?
कनखजूरे के तीस (30) से लेकर तीन सौ बयासी (382) तक पैर हो सकते हैं, यानी पंद्रह से एक सौ इक्यानवे जोड़ी तक।
10कनखजूरा कहाँ पाया जाता है?
कनखजूरा अधिकतर ऐसी जगहों पर रहता है जहाँ सीलन और अँधेरा हो, जैसे गीले पेड़ों के तनों के अंदर या गीली घास और पत्तों के ढेर के नीचे।
11'दोस्त के जूते' कहानी में क्या होता है?
मेंढक जूते बनाता था। एक चींटा उससे कहता है कि अपने दोस्त के लिए जूते बना दो तो आधा गुड़ मिलेगा। मेंढक मान जाता है, लेकिन चींटे का दोस्त कनखजूरा निकलता है जिसके बहुत सारे पैर हैं।
12इस पाठ से बच्चों को क्या सीख मिलती है?
बच्चे सीखते हैं कि जीवों के पैरों की संख्या बहुत अलग-अलग होती है। खुद देखकर और गिनकर जानना सबसे अच्छा तरीका है।
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