Class 3 Hindi

Chapter 16 — चंद्रयान

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Overview

Summary

पाठ 16 — "चंद्रयान" कक्षा 3 की एनसीईआरटी हिंदी पाठ्यपुस्तक वीणा का एक संवाद पाठ है जिसमें अध्यापिका और विद्यार्थी मिलकर चाँद, रॉकेट और भारत के चंद्रयान मिशनों के बारे में बातचीत करते हैं और सीखते हैं कि लगातार परिश्रम से कठिन से कठिन काम भी सफल होता है।

  • पाठ का सारांशकक्षा में अध्यापिका बच्चों से चाँद के बारे में बातचीत करती हैं। बातचीत में बच्चे चंद्रयान-1, 2 और 3 के बारे में जानते हैं और सीखते हैं कि चंद्रयान-3 चाँद के दक्षिणी ध्रुव पर उतरा और यह काम करने वाला भारत पहला देश बना।
  • मुख्य भाववैज्ञानिकों ने चंद्रयान-2 की असफलता के बाद हार नहीं मानी और फिर से प्रयास किया। इससे पाठ यह बताता है कि लगातार परिश्रम और कोशिश करने से कठिन काम भी सफल होता है।
  • विक्रम लैंडर और प्रज्ञानचाँद पर उतरने वाली मशीन का नाम 'विक्रम लैंडर' है। वह अपने साथ 'प्रज्ञान' नाम की एक और मशीन लेकर गया जो चाँद पर घूम-घूमकर यह पता लगा रही है कि चाँद की मिट्टी पृथ्वी जैसी है या नहीं।
  • सीखपाठ से यह सीख मिलती है कि एक बार असफल होने पर निराश नहीं होना चाहिए। हमारे वैज्ञानिकों ने बार-बार कोशिश की और सफलता पाई — यह सब के लिए गौरव की बात है।
Essentials

Key points & formulas

  1. 01यह पाठ एक संवाद के रूप में लिखा गया है — अध्यापिका और विद्यार्थियों के बीच बातचीत।
  2. 02चाँद पर जाने के लिए रॉकेट का उपयोग किया जाता है।
  3. 03भारत ने चंद्रयान-1, चंद्रयान-2 और चंद्रयान-3 भेजे।
  4. 04चंद्रयान-3 चाँद के दक्षिणी ध्रुव पर उतरा — ऐसा करने वाला भारत पहला देश बना।
  5. 05चाँद पर उतरी मशीन का नाम विक्रम लैंडर है और उसके साथ प्रज्ञान रोवर भी है।
  6. 06चंद्रमिशन से पता चला कि चाँद पर पानी है।
  7. 07वैज्ञानिकों ने चंद्रयान-2 की असफलता पर हार नहीं मानी और तीसरी बार सफल हुए।
Questions

Frequently asked questions

01

यह पाठ किस विषय पर है?

यह पाठ चाँद और भारत के चंद्रयान मिशन पर है। अध्यापिका और विद्यार्थी मिलकर चाँद, रॉकेट और वैज्ञानिकों के प्रयासों के बारे में बातचीत करते हैं।

02

इस पाठ में कौन-कौन से पात्र हैं?

इस पाठ में अध्यापिका और कक्षा के विद्यार्थी पात्र हैं। यह पाठ इन्हीं के बीच हुई बातचीत के रूप में लिखा गया है।

03

चाँद पर जाने के लिए क्या उपयोग किया जाता है?

चाँद पर जाने के लिए रॉकेट का उपयोग किया जाता है।

04

चंद्रयान-3 ने क्या खास काम किया?

चंद्रयान-3 चाँद के दक्षिणी ध्रुव पर सफलतापूर्वक उतरा। ऐसा करने वाला भारत दुनिया का पहला देश बना, जो सभी के लिए गौरव की बात है।

05

चंद्रयान-2 क्यों सफल नहीं हुआ?

चंद्रयान-2 कुछ खराबी के कारण चाँद पर उतर नहीं पाया। लेकिन वैज्ञानिकों ने हार नहीं मानी और फिर से प्रयास करके चंद्रयान-3 को सफलतापूर्वक उतारा।

06

विक्रम लैंडर क्या है?

विक्रम लैंडर वह मशीन है जो चाँद पर उतरी। यह अपने साथ प्रज्ञान नाम की एक और मशीन लेकर गई।

07

प्रज्ञान चाँद पर क्या कर रहा है?

प्रज्ञान चाँद पर घूम-घूमकर यह पता लगा रहा है कि चाँद की मिट्टी पृथ्वी जैसी है या नहीं और चाँद पर रहना संभव है या नहीं।

08

चंद्रयान मिशन से वैज्ञानिकों को क्या पता चला?

चंद्रयान मिशन से वैज्ञानिकों को पता चला कि चाँद पर पानी है। वे यह भी जानना चाहते थे कि चाँद पर और क्या-क्या है।

09

चाँद का दक्षिणी ध्रुव क्या है?

जैसे पृथ्वी का दक्षिणी ध्रुव होता है, वैसे ही चंद्रमा का भी दक्षिणी ध्रुव है। वहाँ कठिन परिस्थितियों के कारण कोई भी यान उतारना मुश्किल था।

10

इस पाठ से हमें क्या सीख मिलती है?

इस पाठ से सीख मिलती है कि लगातार प्रयास करने से कठिन से कठिन काम भी सफल होता है। वैज्ञानिकों ने एक बार असफल होने के बाद भी हार नहीं मानी।

11

पाठ के अंत में बच्चे क्या गाते हैं?

पाठ के अंत में अध्यापिका और बच्चे मिलकर एक गाना गाते हैं — "चंदा के गाँव में, तारों की छाँव में, हम सैर करने जाएँगे, हम चंद्रयान से जाएँगे।"

12

यह पाठ किस इकाई में है?

यह पाठ वीणा (कक्षा 3) की इकाई 5 — "हमारा देश" में है और पाठ संख्या 16 है।

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